सुधर जाओ, सालों
थरमसो के विशव निरमा विक्रेता,निरयात? ऍड्वर्ड्स वालों को अपनी छन्नी सुधारनी होगी। अंग्रेज़ी हिन्दी की खिचड़ी और अव्याकरणोपयुक्त माल। अंग्रेज़ी में नहीं चलता है पर हिन्दी में पेल रहे हैं। लगता है देखने वाला कोई नहीं है।
जय हिन्द। लूमीलाग्रो थर? थरथराहट।
10:41 बजे आलोक द्वारा।
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लगता है हिंदी विज्ञापनों के लिये गूगल अभी पूरी तरह तैयार नहीं है। :(
पहले व्याकरणोचित नॉन खिचड़ी हिन्दी तो बढ़ायें नेट पर! कई ब्लॉग तो इन विज्ञापन से मिलती जुलती लिखते हैं!
जैसे भास्कर, जोश18
ये माज़रा क्या है?